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ज्योतिष से जानें व्यापार की हर समस्या का कारण और समाधान

ज्योतिष से जानें व्यापार की समस्याओं का कारण – कम बिक्री, नुकसान, कर्ज, कर्मचारी विवाद। कुंडली विश्लेषण, ग्रह दोष और तुरंत असर वाले उपाय। SkillAstro पर फ्री चेक।
20 January 2026 by
Vishnu Verma

ज्योतिष से जानें व्यापार की हर समस्या का कारण और समाधान | Skill Astro

ज्योतिष के अनुसार अगर आपके व्यापार में ग्राहक नहीं आ रहे या अचानक कम हो गए हैं तो इसका मुख्य कारण बुध और शुक्र ग्रहों का कमजोर होना है। मार्केटिंग पर भारी खर्च करने के बाद भी रिजल्ट न मिलना इसका प्रमुख लक्षण है। कुंडली के 7वें भाव में राहु या शनि का प्रभाव या बुध का नीच होना इस समस्या का मूल कारण होता है। ठीक इसी तरह अगर माल या स्टॉक बार-बार अटक जाता है, इन्वेंट्री बढ़ती चली जाती है और बिक्री रुक सी जाती है तो गुरु और शनि ग्रह प्रभावित हो रहे हैं। 2वें और 11वें भाव पर पाप ग्रहों का प्रभाव इसका संकेत है।

कर्ज का बोझ बढ़ता जा रहा है,

EMI और ब्याज का दबाव है, नया लोन नहीं मिल रहा तो शनि और राहु ग्रह जिम्मेदार हैं। 6ठे, 8वें या 12वें भाव का प्रभावित होना कर्ज की यह स्थिति पैदा करता है। कर्मचारियों का साथ न मिलना, चोरी, नौकरी छोड़ना या झगड़े होना राहु और मंगल का प्रभाव दर्शाता है। 6ठे भाव पर पाप ग्रहों का असर ही इसका कारण है। प्रतियोगी आपसे आगे निकल रहे हैं, मार्केट शेयर कम हो रहा है तो लग्न या 10वें भाव का कमजोर होना जिम्मेदार है। कानूनी मामले, लायसेंस में देरी या परमिशन न मिलना केतु और शनि के 12वें भाव प्रभाव से होता है। अचानक भारी नुकसान, पार्टनर का धोखा या स्कैम का शिकार होना राहु दशा और शनि गोचर का परिणाम है।

SkillAstro के विशेषज्ञों के अनुसार व्यापार 

कुंडली चेक करने के लिए 5 मुख्य बिंदुओं पर ध्यान देना चाहिए। सबसे पहले 10वां भाव जो व्यापार की स्थिति दर्शाता है, फिर 7वां भाव जो पार्टनरशिप और ग्राहकों की स्थिति बताता है, तीसरा 2 और 11वां भाव आय-लाभ की स्थिति के लिए, चौथा लग्नेश जो आपकी नेतृत्व क्षमता दर्शाता है और पांचवां चंद्र राशि जो मानसिक स्थिरता दिखाती है। अगर इनमें शनि, राहु या केतु का पीड़न हो रहा है तो 90% व्यापारिक समस्या का कारण यही है।

ग्राहक वृद्धि के लिए बुधवार को हरी घास या पत्ते गाय को खिलाएं, 108 बार "ॐ बुं बुधाय नमः" का जप करें और कुंडली permission से पन्ना रत्न धारण करें। आर्थिक नुकसान रोकने के लिए गुरुवार को केले के पेड़ में जल चढ़ाएं, शनिवार को काले तिल बहते जल में प्रवाहित करें और पीला पुखराज धारण करें। कर्ज मुक्ति के लिए शनिवार को सरसों का तेल दान करें, राहु मंत्र का 18000 जप 18 दिनों तक करें और काला घोड़ा जूता दान करें। कर्मचारी या पार्टनर शांत करने के लिए मंगलवार को गुड़ और चने ब्राह्मण को दें, 6ठे भाव स्वामी का रत्न धारण करें और रोज श्री सूक्त का पाठ करें।

2026 में व्यापार स्थापना के शुभ मुहूर्त

 फरवरी में 5 और 14 तारीख सिद्धि योग हस्त नक्षत्र में, अप्रैल में 3, 12, 21 तारीख अमृत योग पुष्य नक्षत्र में, जुलाई में 8, 17 तारीख सर्वार्थ सिद्धि योग उत्तरा नक्षत्र में और अक्टूबर में 2, 11 तारीख रवि योग रोहिणी नक्षत्र में हैं। भंडारा या दुकान खोलते समय अभिजीत मुहूर्त यानी दोपहर 12 से 12:48 बजे का समय सबसे शुभ माना जाता है।

कम ग्राहक की समस्या के लिए पन्ना रत्न चांदी की अंगूठी में छोटी अंगुली में पहनें और हरी सब्जी दान करें। धन संबंधी परेशानी के लिए पुखराज सोने की अंगूठी में तर्जनी अंगुली में और चने दान करें। कर्ज के लिए नीलम चांदी में मध्यमा अंगुली में और सरसों तेल दान करें। विवाद के लिए मूंगा चांदी में अनामिका अंगुली में और गुड़ दान करें। रत्न धारण से पहले 3 दिन टेस्ट करें, अगर जलन हो तो न पहनें।

दैनिक व्यापारिक स्नान-दान विधि अचूक असर वाली है। 

सुबह गंगाजल से स्नान करें, "ॐ श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्म्यै नमः" 11 बार बोलें, काले तिल और साबुत उड़द बहते जल में प्रवाहित करें, दुकान में गंगाजल छिड़कें और गुरु या शनि बीज मंत्र की एक माला जपें। शनिवार को मांस, शराब या लोहे का सामान न खरीदें, बुधवार को झूठ या धोखा न दें, अमावस्या को नई पार्टनरशिप न बनाएं, राहु काल में कोई एग्रीमेंट साइन न करें और गुरुवार को गाय को नुकसान न पहुंचाएं।

पैसा अटकने पर 3-दिन का चमत्कारी प्रयोग करें। 

पहले दिन 11 दीपक पीपल के पेड़ में जलाएं और काले तिल बहाएं, दूसरे दिन लक्ष्मी पूजा करें और श्री सूक्त के 11 पाठ करें, तीसरे दिन ब्राह्मण को पीला वस्त्र और चने दान करें। ग्राहक वृद्धि के लिए हर बुधवार गाय को हरी घास खिलाएं और पन्ना माला का जप करें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न:

व्यापार ठीक करने में 21-40 दिन नियमित उपायों से समय लगता है, गंभीर दोष में 6 माह तक। रत्न पहनना अनिवार्य नहीं, मंत्र जप और दान भी उतना ही प्रभावी हैं। पार्टनरशिप में दोनों की लग्नेश और 7वां भाव मैच देखें। ऑनलाइन बिजनेस में भी लागू होता है, विशेष रूप से डिजिटल मार्केटिंग में बुध-राहु उपाय लाभकारी हैं। बिना ज्योतिषी के भी ऊपर दिए बेसिक उपाय घर पर कर सकते हैं।

डिस्क्लेमर: यह जानकारी सामान्य ज्योतिषीय दृष्टिकोण के लिए है; व्यापारिक निर्णय लेने से पहले व्यक्तिगत कुंडली विश्लेषण और योग्य सलाहकार से परामर्श अवश्य लें।

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Vishnu Verma 20 January 2026
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